Latest Posts

 
 

अंग से अंग लगाना सजन हमें ऐसे रंग लगाना - डर (१९९३)
अंग से अंग लगाना सजन हमें ऐसे रंग लगाना - डर (१९९३)

होली के महौल को जमाने के लिए एक और ख़ूबसूरत गीत पेश कर रहा हूँ, लुत्फ़ उठाए! आप सभी को होली की ढेर सा...

Read more »

ख़ाली दिल नहीं ये जाँ वी है मंगदा - कच्चे धागे (१९९८)
ख़ाली दिल नहीं ये जाँ वी है मंगदा - कच्चे धागे (१९९८)

दिल के दर्द को अल्फ़ाज़ में बयाँ करता यह गीत 1998-1999 का एक सुपरहिट गीत है। इसकी धुन और बोल आज भी दिल...

Read more »

बड़ी लम्बी जुदाई - हीरो (१९८३)
बड़ी लम्बी जुदाई - हीरो (१९८३)

हीरो(1983) फ़िल्म से यह गीत तो आप सबको याद होगा, यह गीत आनन्द साहब ने लिखा दर्द बयाँ करने में आज तक इ...

Read more »

चमकते चाँद को टूटा हुआ तारा बना डाला - आवारगी (१९९०)
चमकते चाँद को टूटा हुआ तारा बना डाला - आवारगी (१९९०)

इस गीत के क्या कहने, कौन होगा जो ऐसे उम्दा गीत को पसंद नहीं करता या सुनने के बाद पसंद न करे। बस अचर...

Read more »

आदमी मुसाफ़िर है - अपनापन (१९७७)
आदमी मुसाफ़िर है - अपनापन (१९७७)

आइए दोस्तों शुरुआत करते हैं उस गीत से जिसके लिए आनन्द बक्षी साहब ने पहला फ़िल्म-फेयर पुरस्कार जीता। म...

Read more »

चिंगारी कोई भड़के - अमर प्रेम (१९७१)
चिंगारी कोई भड़के - अमर प्रेम (१९७१)

फ़िल्म अमर प्रेम से यह मनोरम गीत किसे याद नहीं आइए इसका लुत्फ़ उठायें। आनन्द और राहुल का यह बेहतरीन गी...

Read more »

तुझे देखा तो यह जाना सनम - दिलवाले दुल्हनिया ले जायेंगे (१९९५)
तुझे देखा तो यह जाना सनम - दिलवाले दुल्हनिया ले जायेंगे (१९९५)

आनन्द साहब का लिखा यह सदाबहार गीत तो आपको याद ही होगा। आज फिर गुनगुनाइए! इस गीत के लिए आनन्द साहब ने...

Read more »

न आज था न कल था - पति पत्नी और वो (१९७८)
न आज था न कल था - पति पत्नी और वो (१९७८)

गीत: न आज था न कल था । Na Aaj Tha Na Kal Tha चित्रपट: पति पत्नी और वो (१९७८) | Pati Patni Aur Woh...

Read more »
 
 
 
Top